विभिन्न लंबित मांगों को लेकर लेखपालों का प्रदर्शन, एसडीएम को सौंपा ज्ञापन-पत्र
आगामी 22 सितंबर से तहसील मुख्यालय पर तैनात लेखपाल अतिरिक्त हलकों का करेंगे बहिष्कार
कैराना (सच कहूँ न्यूज़)। Kairana News: विभिन्न लंबित मांगों पर शासन एवं राजस्व परिषद स्तर से प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से क्षुब्ध लेखपालों ने आंदोलन की चेतावनी दी है। उन्होंने शनिवार को प्रदेश सरकार के मुख्य सचिव को संबोधित ज्ञापन-पत्र एसडीएम शिवाजी यादव को सौंपा है। साथ ही, मांगे पूरी न होने पर आगामी 22 सितंबर से अतिरिक्त हलकों के कार्य का बहिष्कार की चेतावनी दी गई है। ज्ञापन-पत्र में बताया गया है कि राजस्व अभिलेखों के अद्यतन, वरासत, नामांतरण, पैमाइश, ई-गवर्नेंस, आपदा प्रबंधन और विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं समेत अनेक शासकीय कार्यों का दायित्व लेखपालों के ऊपर है।
निरन्तर बढ़ते कार्यभार के बावजूद स्थानांतरण, पदोन्नति, वेतन विसंगति और संसाधनों से जुड़ी मांगें लंबे समय से लंबित हैं। मांगों के संबंध में दो अगस्त को कार्यवृत्त जारी होने के करीब डेढ़ माह बाद भी अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई। लेखपालों ने अंतर्मंडलीय स्थानांतरण के लिए ऑनलाइन पोर्टल पुनः खोलने, चयन वर्ष 2025-26 की लंबित पदोन्नति सूची जारी करने तथा नवनियुक्त लेखपालों की विभागीय प्रशिक्षण परीक्षा के परिणाम एवं प्रमाण-पत्र घोषित करने की मांग की है। इसके अलावा, लेखपाल संवर्ग का प्रारंभिक वेतनमान लेवल-5 (ग्रेड पे 2800) करने और वेतन विसंगति दूर करने की मांग उठाई गई है।
पत्र में ऑनलाइन एवं तकनीकी कार्यों का हवाला देते हुए लेखपाल पद को तकनीकी घोषित करने तथा बेहतर क्षमता के लैपटॉप और मोबाइल उपलब्ध कराने की मांग भी की गई है। लेखपालों ने चेताया कि मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं हुआ तो आगामी 22 सितंबर से वह अपने मूल हल्कों पर ही कार्य करेंगे अतिरिक्त हलकों के दस्तावेज तहसील अथवा राजस्व निरीक्षक कार्यालय में जमा कर दिए जाएंगे। इसके बाद, ऑनलाइन कार्यों के बहिष्कार समेत अन्य आंदोलनात्मक कदम भी उठाए जा सकते है। इस दौरान पूजा खैवाल, अनुराग पंवार, लवकेश तंवर, अंकित गुलियां, विजित पंवार, मुज्जकिर खान, मनोज कुमार, शमशेर सिंह आदि मौजूद रहे।