IMD Alert: मौसम में अचानक बदलाव की चेतावनी, कई जिलों में भारी बारिश व ओलावृष्टि का अलर्ट

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IMD Weather Alerts: जयपुर। India Meteorological Department (भारतीय मौसम विभाग) ने राजस्थान के 20 से अधिक जिलों में तेज वर्षा, आंधी तथा ओलावृष्टि की संभावना को देखते हुए चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के अनुसार सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से प्रदेश के विभिन्न भागों में मौसम का स्वरूप अचानक परिवर्तित हो गया है। IMD Alert

शुक्रवार को भी राज्य के अनेक जिलों में तेज हवाओं के साथ वर्षा और ओलावृष्टि दर्ज की गई। विशेष रूप से बीकानेर, श्रीगंगानगर तथा जैसलमेर क्षेत्रों में ओले गिरने की सूचना मिली, जबकि अन्य स्थानों पर भी तेज वर्षा से जनजीवन प्रभावित हुआ। राजधानी जयपुर में शुक्रवार सायंकाल आई तेज धूलभरी आंधी के कारण एक दुखद घटना सामने आई। जवाहर नगर क्षेत्र में एक मोटरसाइकिल सवार व्यक्ति के ऊपर विद्युत खंभा गिरने से उनकी मृत्यु हो गई, जिससे क्षेत्र में शोक का वातावरण व्याप्त हो गया।

मौसम केंद्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा के अनुसार उदयपुर, अजमेर, कोटा, जयपुर तथा भरतपुर संभागों सहित शेखावाटी क्षेत्र में तेज हवाओं के साथ वर्षा और कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि होने की संभावना बनी हुई है। उन्होंने बताया कि 5 और 6 अप्रैल को मौसम अपेक्षाकृत सामान्य रह सकता है, किन्तु 7 अप्रैल से पुनः एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की आशंका है, जिससे वर्षा और आंधी की गतिविधियाँ फिर बढ़ सकती हैं। IMD Alert

कई जिलों में दिन के तापमान में लगभग 7 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट

जयपुर नगर में शुक्रवार शाम आरम्भ हुआ तूफानी मौसम देर रात्रि तक जारी रहा। तेज हवाओं के कारण अनेक स्थानों पर अव्यवस्था की स्थिति उत्पन्न हो गई तथा कुछ क्षेत्रों में जलभराव से लोगों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।

अचानक बदले मौसम का प्रभाव तापमान पर भी स्पष्ट रूप से देखा गया। कई जिलों में दिन के तापमान में लगभग 7 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की गई। चित्तौड़गढ़ और अलवर में अधिकतम तापमान 35.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि अन्य स्थानों पर तापमान सामान्य से कम रहा। इस असामान्य मौसम का सर्वाधिक प्रभाव कृषकों पर पड़ा है। वर्षा, तेज हवाओं तथा ओलावृष्टि के कारण सरसों, गेहूं और चना जैसी रबी फसलों को नुकसान पहुँचा है। मंडियों में खुले स्थानों पर रखी उपज भी वर्षा के कारण प्रभावित हुई है।

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार सामान्यतः मार्च के पश्चात पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता कम हो जाती है, किन्तु इस वर्ष मध्य मार्च के बाद से लगातार कई पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हुए हैं, जिससे प्रदेश के मौसम के स्वरूप में निरंतर परिवर्तन देखा जा रहा है। पिछले 24 घंटों के दौरान बीकानेर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, चूरू, जैसलमेर, झुंझुनूं, सीकर, नागौर, बाड़मेर, जोधपुर, जालौर, जयपुर, अजमेर, अलवर तथा टोंक सहित अनेक जिलों में वर्षा दर्ज की गई। प्रशासन ने नागरिकों एवं कृषकों से सतर्क रहने तथा आवश्यक सावधानियाँ अपनाने की अपील की है। IMD Alert

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