SBI Scheme: एसबीआई ने अपने ग्राहकों को दी बड़ी खुशखबरी, एक बार पैसा जमा करें और हर महीने पाए….

Published On

SBI Scheme: स्टेट बैंक ऑफ इंडिया भारत का सबसे बड़ा बैंक है, जो अपने ग्राहकों को विभिन्न वित्तीय सेवाएं और योजनाएं प्रदान करता है। एसबीआई का उद्देश्य अपने ग्राहकों को सुरक्षित और प्रभावी निवेश विकल्पों के माध्यम से बेहतर वित्तीय सुरक्षा और पूंजी वृद्धि सुनिश्चित करना है। इनमें से एक खास स्कीम है एसबीआई एन्युटी डिपॉजिट स्कीम, जो उन लोगों के लिए आदर्श है जो रिटायरमेंट के बाद नियमित मासिक आय प्राप्त करना चाहते हैं। यह योजना उन लोगों के लिए भी है जो अतिरिक्त आय अर्जित करना चाहते हैं। आइए जानें इस स्कीम के बारे में विस्तार से।

एसबीआई एन्युटी डिपॉजिट स्कीम

एसबीआई एन्युटी डिपॉजिट स्कीम एक ऐसी योजना है जिसमें ग्राहक एकमुश्त राशि जमा करते हैं और इसके बदले उन्हें प्रत्येक माह एक निश्चित राशि के रूप में आय मिलती है। यह राशि एक तरह से मंथली ईएमआई के रूप में होती है, जिसमें मूल राशि के साथ ब्याज भी शामिल होता है। इसे मंथली एन्युटी इंस्टॉलमेंट भी कहा जाता है।

मुख्य विशेषताएं | SBI Scheme

निवेश की अवधि: एसबीआई एन्युटी डिपॉजिट स्कीम में 3, 5, 7, और 10 वर्षों की अवधि के विकल्प होते हैं। ग्राहक अपनी सुविधा अनुसार किसी भी अवधि का चयन कर सकते हैं। डिपॉजिट की अवधि के आधार पर ही ब्याज दरें निर्धारित की जाती हैं, जो फिक्स्ड डिपॉजिट जैसी होती हैं।

निवेश राशि: इस योजना में न्यूनतम निवेश राशि 1000 है, और निवेश की कोई अधिकतम सीमा नहीं है। ग्राहक अपनी इच्छानुसार जितनी राशि चाहें जमा कर सकते हैं।

ब्याज दर: इस योजना में मिलने वाली ब्याज दर वही होती है जो फिक्स्ड डिपॉजिट पर दी जाती है, और यह ब्याज तिमाही आधार पर कंपाउंड होता है। वरिष्ठ नागरिकों को सामान्य ब्याज दर से 0.50% अधिक ब्याज मिलता है, जो उन्हें अतिरिक्त लाभ प्रदान करता है।

ईएमआई भुगतान: जमा की गई राशि के आधार पर हर महीने ईएमआई के रूप में राशि प्राप्त होती है। ईएमआई में प्रिंसिपल अमाउंट और ब्याज दोनों शामिल होते हैं, और यह भुगतान बैंक द्वारा लिंक्ड सेविंग्स अकाउंट या करंट अकाउंट में किया जाता है।

लोन का विकल्प: विशेष परिस्थितियों में, बैंक एन्युटी डिपॉजिट के बैलेंस अमाउंट का 75% तक लोन प्रदान कर सकता है। इसके अतिरिक्त, बैंक टर्म डिपॉजिट के लिए 15,00,000 तक की प्रीमैच्योर पेमेंट्स की अनुमति देता है।

यह भी पढ़ें:– खराब फसलों के मुआवजे का लम्बा होता जा रहा इंतजार, किसान परेशान

About The Author

Related Posts