अमेरिकी पत्रकारों के निर्वासन पर चीन से पुर्नविचार की उम्मीद

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वाशिंगटन (एजेंसी)। कोरोना वायरस को लेकर अमेरिका और चीन के बीच बढ़ती तल्खियों के बीच अमेरिका ने उम्मीद जतायी है कि चीन अपने यहां से अमेरिकी पत्रकारों को निकाले जाने के निर्णय पर फिर से विचार करेगा। अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने संवाददाताओं से कहा, ‘यह दुर्भाग्यपूर्ण है। हमें अभी पता चला। मुझे उम्मीद है कि वे पुर्नविचार करेंगे। इससे पहले चीन के विदेश मंत्रालय ने मंगलवार को अमेरिकी पत्रकारों पर प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया।

अमेरिका के न्यूयॉर्क टाइम्स, वाल स्ट्रीट जर्नल तथा वाशिंगटन पोस्ट जैसे प्रमुख अखबारों के पत्रकारों से उनका प्रेस कार्ड लौटाने को कहा था। उल्लेखनीय है कि अमेरिका ने कुछ दिनों पहले चीन की सरकारी मीडिया के लिए कई कड़े कानून बनाए हैं। चीन ने भी जवाबी कार्रवाई में इस तरह का कदम उठाया और अमेरिकी मीडिया संस्थानों वॉइस आॅफ अमेरिका, द न्यूयॉर्क टाइम्स, द वॉल स्ट्रीट जर्नल, द वॉशिंगटन पोस्ट तथा टाइम मैगजीन से कहा कि वे चीन में अपने कर्मचारियों और संपत्तियों समेत पूरे कामकाज की विस्तृत जानकारी दें।

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