Haryana Weather: हरियाणा वालों बिजली और बारिश का अलर्ट है इस तारीख के बाद मिलेगी राहत

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उत्तर भारत में दक्षिण पश्चिम मानसून सक्रिय हुए 3 महीने पूरे होने के बावजूद भी बारिश का रौद्र रूप कम होने का नाम नहीं ले रहा है। भारत मौसम विभाग ने 7 सितंबर के बीच पंजाब, हरियाणा,राजस्थान,दिल्ली,उत्तर प्रदेश, हिमाचल प्रदेश,उत्तराखंड व जम्मू कश्मीर के लिए पूरे एक सप्ताह के लिए बारिश को लेकर रेड अलर्ट जारी किया है। इस दौरान बारिश के कारण हरियाणा व पंजाब में हालात और ज्यादा बिगड़ सकते हैं। भारत मौसम विभाग में आपदा प्रबंधन विभाग ने बाढ़ से बचने के लिए एडवाइजरी जारी की है। रविवार को हरियाणा,पंजाब व हिमाचल सहित उत्तर भारत में भारी बारिश हुई इस बारिश के कारण ग्रामीण क्षेत्र से लेकर शहरी क्षेत्रों तक जलभराव के कारण जनजीवन अस्त-व्यस्त बना रहा। तेज बारिश के कारण जहां पंजाब में बाढ़ के पानी में बढ़ोतरी हुई है।

वहीं हरियाणा में भी बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। हरियाणा व पंजाब को जोड़ने वाले हांसी- बरवाला के बीच नेशनल हाईवे पर इतना पानी जमा हो गया है कि हाईवे पूर्ण रूप से बंद हो गया है। इन दिनों में पहाड़ी इलाकों में बादल फटने, मूसलाधार बारिश और बाढ़ के मामले सामने आए हैं, जिससे लोगों को काफी नुकसान भी हुआ है। अब एक बार फिर मानसून की रफ्तार तेज़ होने वाली है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने 7 सितंबर तक उत्तरभारत के लिए भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अलर्ट से लोगों की चिंता बढ़ गई है। राजस्थान में मानसून की रफ्तार में उतार-चढ़ाव भी बना हुआ है। अब राजस्थान में मानसून की रफ्तार एक बार फिर तेज़ होने वाली है। इस दौरान राजस्थान में भी भारी बारिश होगी। मौसम विभाग के अलर्ट अनुसार राजस्थान के कई जिलों में भारी बारिश हो सकती है। इन दिनों में उत्तरभारत में तेज़ हवा और आकाशीय बिजली का भी अलर्ट है। साथ ही बिजली का संकट भी बन सकता है,क्योंकि बिजली घर डूबने की वजह से बिजली सप्लाई बाधित हो सकती है।

घग्गर नदी के जलस्तर और तटबंधों की सुरक्षा को लेकर प्रशासन सतर्क | Haryana Weather

  सिरसा जिले में घग्गर नदी के जलस्तर और तटबंधों की सुरक्षा को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह से सतर्क है। एक ओर सिंचाई विभाग की टीमें दिनरात निगरानी कर रही है वहीँ प्रशासनिक अधिकारी भी निरीक्षण कर पुख्ता प्रबंध सुनिश्चित कर रहे हैं और ग्रामीण भी पूरा सहयोग कर रहे हैं। इसके अलावा खरीफ चैनल और ड्रैन आदि पर भी निगरानी रखी जा रही है।
पड़ोसी प्रान्त राजस्थान के हनुमानगढ़ व सिरसा के कलेक्टर आपस में कई बार स्थिति सांझा कर हालातो पर पैनी नज़र रखे हुए हैं। सिरसा के उपायुक्त शान्तनु शर्मा ने पंजाब के सरदूलगढ़ से लेकर राजस्थान के बॉर्डर तक घग्घर तटबन्धों का निरीक्षण करते हुए किसानों व ग्रामीणों से हालात जाने और ग्रामीणों का हौसला भी बढ़ाया।
उपायुक्त शांतनु शर्मा ने बताया कि जिला से गुजर रही 75 किलोमीटर लंबी घग्घर नदी के तटबन्धों को कई सेक्टर में बांटकर अधिकारियों व कर्मचारियों को तैनात किया गया है। तटबन्धों की मजबूती के लिए ग्रामीण खूब प्रशासन का सहयोग कर रहे हैं।शहर व गावो में जलभराव को दूर करने के लिए अतिरिक्त पंप सेट आदि लगाए गए हैं। उन्होंने आमजन से अपील की कि वे इस प्राकृतिक आपदा के सामना करने से घबराए नही बल्कि शासन प्रशासन का यथासंभव सहयोग करें।

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