Leopard: लाकड़ और नत्थनपुर क्षेत्र में तेंदुए की दस्तक से दहशत, ग्रामीणों ने वन्य प्राणी विभाग से लगाई पकड़ने और गश्त बढ़ाने की गुहार
तेंदुए की तलाश में वन विभाग से मदद की गुहार
प्रतापनगर (सच कहूँ/राजेंद्र कुमार)। Pratap Nagar News: लाकड़ और नत्थनपुर क्षेत्र में पिछले कई दिनों से तेंदुए के देखे जाने की घटनाओं ने ग्रामीणों की चिंता बढ़ा दी है। ग्रामीणों संजीव कुमार,दीप चंद,मोहन राम,दीपक आदि का दावा है कि तेंदुआ कई बार गांव की गलियों, श्मशान घाट के आसपास तथा खेतों में दिखाई दिया है। लगातार हो रही इन घटनाओं के कारण क्षेत्र में भय और दहशत का माहौल बना हुआ है। ग्रामीणों ने वन्य प्राणी विभाग से तत्काल कार्रवाई करते हुए तेंदुए को पकड़ने तथा क्षेत्र में नियमित गश्त बढ़ाने की मांग की है।
ग्रामीणों के अनुसार तेंदुआ अधिकतर सुबह और शाम के समय नजर आया है। कुछ लोगों ने बताया कि खेतों में काम करते समय उन्हें तेंदुआ दिखाई दिया, जबकि कई ग्रामीणों ने गांव की गलियों और श्मशान घाट के पास भी उसकी मौजूदगी का दावा किया है। तेंदुए के दिखाई देने की खबर फैलते ही लोग अपने बच्चों को अकेले घर से बाहर भेजने से बच रहे हैं। शाम ढलते ही गांव की गलियां सुनसान होने लगी हैं और किसान भी खेतों में जाने से पहले समूह बनाकर निकल रहे हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र जंगल से सटा होने के कारण जंगली जानवरों का आना कोई नई बात नहीं है, लेकिन आबादी वाले क्षेत्र में बार-बार तेंदुए की मौजूदगी लोगों के लिए खतरे का कारण बन सकती है। ग्रामीणों ने बताया कि यदि समय रहते वन्य प्राणी विभाग ने उचित कदम नहीं उठाए तो किसी भी समय कोई बड़ा हादसा हो सकता है।
ग्रामीणों ने वन्य प्राणी विभाग से मांग की है कि प्रभावित क्षेत्रों में पिंजरे लगाए जाएं, गश्ती दल की संख्या बढ़ाई जाए तथा लोगों को सतर्क रहने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए जाएं। उनका कहना है कि विभाग की टीम गांवों में लगातार निगरानी रखे ताकि तेंदुए की गतिविधियों पर नजर रखी जा सके और उसे सुरक्षित तरीके से पकड़कर जंगल में छोड़ा जा सके।
क्षेत्र के लोगों ने प्रशासन से भी अपील की है कि गांवों में मुनादी कराकर लोगों को सावधानी बरतने के लिए जागरूक किया जाए। साथ ही रात के समय अनावश्यक रूप से अकेले बाहर न निकलने, बच्चों पर विशेष नजर रखने तथा खेतों में समूह के साथ जाने की सलाह दी जाए।
वन्य प्राणी जिला निरीक्षक लीलू राम ने बताया कि यदि किसी क्षेत्र में तेंदुआ दिखाई दे तो लोग उसके पास जाने या उसे घेरने का प्रयास न करें। ऐसी स्थिति में तुरंत वन्य प्राणी विभाग या स्थानीय प्रशासन को सूचना दें। तेंदुआ आमतौर पर इंसानों से दूरी बनाए रखना पसंद करता है, लेकिन भीड़ या उकसावे की स्थिति में वह आक्रामक हो सकता है।
फिलहाल लाकड़ और नत्थनपुर क्षेत्र के ग्रामीण वन्य प्राणी विभाग की कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि जब तक तेंदुए को सुरक्षित तरीके से पकड़कर जंगल में नहीं छोड़ा जाता, तब तक क्षेत्र में भय का माहौल बना रहेगा।
