हकृवि अंतर्राष्ट्रीय संस्थाओं के सहयोग से कृषि तकनीक को कर रहा सुदृढ़

Published On

वैस्टर्न सिडनी यूनिवर्सिटी के प्रतिनिधि मंडल ने किया विश्वविद्यालय दौरा

हिसार (सच कहूँ/संदीप सिंहमार)। Hisar News: चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय एवं आस्ट्रेलिया की वैस्टर्न सिडनी यूनिवर्सिटी के प्रतिनिधि मंडल की विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. बी.आर. काम्बोज की अध्यक्षता में विभिन्न महत्वाकांक्षी विषयों को लेकर एक बैठक आयोजित हुई। आस्ट्रेलिया के प्रतिनिधि मंडल में हॉक्सबरी इंस्टीट्यूट फॉर द एनवायरनमेंट, प्लांट फिजियोलॉजी के प्रोफेसर डेविड टिश्यू, प्लांट साइंस के प्रो. औला घन्नौम, सॉयल इकोलॉजिस्ट डॉ. उफ़ेनीगार्ड नील्सन, वरिष्ठ अनुसंधान कार्यक्रम अधिकारी, वेस्टर्न सिडनी इंटरनेशनल नेविटास एजुकेशन सर्विसेज प्रा. लिमिटेड नई दिल्ली से डॉ. कोपल चौबे शामिल रहे।

वैश्विक चुनौतियों पर हुआ मंथन | Hisar News

कुलपति प्रो. बी.आर. काम्बोज ने बताया कि संयुक्त प्रतिनिधि मंडल द्वारा शैक्षणिक गतिविधियों के आदान-प्रदान, टिकाऊ खेती,आपदा-जोखिम प्रबंधन, वैश्विक चुनौतियों के साथ-साथ अंतर्राष्ट्रीय सहयोग बढ़ाने जैसे विभिन्न विषयों पर विस्तार से बातचीत की गई। प्रतिनिधि मंडल ने संरक्षित खेती हेतु नवीन समाधानों, कृषि क्षेत्र को प्रभावित करने वाली प्राकृतिक आपदाओं, अत्याधुनिक अनुसंधान और प्रौद्योगिकियों के अतिरिक्त पर्यावरण से संबंधित खतरों की भविष्यवाणी तथा आपसी बातचीत के माध्यम से इन खतरों को रोकने के लिए संयुक्त कार्य योजना तैयार करने पर भी जोर दिया।

नवीन तकनीकों के बारे में भी चर्चा की

कुलपति की अध्यक्षता में प्रतिनिधि मंडल ने वैज्ञानिकों एवं स्नातकोत्तर विद्यार्थियों के साथ संरक्षित खेती एवं जल के उपयोग से संबंधित नवीन तकनीकों के बारे में भी चर्चा की। इसके अतिरिक्त जलवायु परिवर्तन और पर्यावरण में आ रही गिरावट से उत्पन्न चुनौतियों से निपटने के लिए कारगर कदम उठाने पर भी जोर दिया गया। इस अवसर पर ओएसडी डॉ.अतुल ढींगड़ा, स्नातकोत्तर अधिष्ठाता, डॉ.के.डी.शर्मा, कृषि महाविद्यालय के अधिष्ठाता डॉ.एस.के.पाहुजा, मानव संसाधन प्रबंधन निदेशक डॉ. मंजु महता, अंतर्राष्ट्रीय मामलों की प्रभारी डॉ. आशा क्वात्रा, सूत्रकृमि विभाग के अध्यक्ष डॉ. अनिल वत्स, डॉ. देवराज, डॉ. इन्दु अरोड़ा, डॉ. अनिल यादव, डॉ. रीना, डॉ. विनोद गोयल, डॉ. गणेश उपाध्याय, डॉ. अनुज व डॉ. पथम कीर्ति उपस्थित रहे। Hisar News

यह भी पढ़ें:– EPFO New Rules: ईपीएफओ के करोड़ों प्राइवेट और सरकारी कर्मचारियों के लिए बड़ी राहत

About The Author

Related Posts