Punjab
Yogi Cabinet Decisions: योगी कैबिनेट ने उत्तर प्रदेश की जनता के लिए ये बड़े फैसले
ओबीसी आरक्षण आयोग, 2400 मेगावाट परियोजना और लखनऊ मेट्रो को मंजूरी
Yogi Cabinet Decisions: लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने सोमवार को आयोजित कैबिनेट बैठक में कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी देते हुए प्रशासनिक, स्वास्थ्य, ऊर्जा और परिवहन क्षेत्रों से जुड़े बड़े निर्णय लिए। मुख्यमंत्री Yogi Adityanath की अध्यक्षता में लोकभवन में हुई बैठक में कुल 12 प्रस्ताव प्रस्तुत किए गए, जिन्हें सर्वसम्मति से स्वीकृति प्रदान की गई। Uttar Pradesh News
बैठक का सबसे अहम निर्णय पंचायत चुनावों में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) आरक्षण के निर्धारण के लिए “उत्तर प्रदेश राज्य स्थानीय ग्रामीण निकाय समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग” के गठन से जुड़ा रहा। सरकार ने स्पष्ट किया कि यह आयोग पंचायतों में पिछड़े वर्गों की वास्तविक सामाजिक और राजनीतिक भागीदारी का अध्ययन करेगा तथा उसके आधार पर आरक्षण संबंधी सिफारिशें देगा। कैबिनेट के फैसलों की जानकारी देते हुए वित्त मंत्री Suresh Kumar Khanna ने बताया कि आयोग पंचायत स्तर पर ओबीसी वर्ग की जनसंख्या, प्रतिनिधित्व और सामाजिक स्थिति का अध्ययन करेगा।
आयोग की रिपोर्ट के आधार पर ग्राम पंचायत, क्षेत्र पंचायत और जिला पंचायतों में आरक्षण की अंतिम व्यवस्था तय की जाएगी। उन्होंने कहा कि आयोग का कार्यकाल सामान्यतः छह माह का होगा और इसमें कुल पांच सदस्य शामिल होंगे, जिनमें उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश को अध्यक्ष बनाया जाएगा। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया कि पंचायतों में पिछड़े वर्गों के लिए आरक्षण की सीमा 27 प्रतिशत से अधिक नहीं होगी। यदि किसी क्षेत्र के अद्यतन जनसंख्या आंकड़े उपलब्ध नहीं होंगे, तो आयोग सर्वेक्षण के माध्यम से आंकड़े जुटा सकेगा।
ऊर्जा क्षेत्र में भी योगी सरकार ने बड़ा कदम उठाते हुए 2400 मेगावाट क्षमता वाली नई तापीय ऊर्जा परियोजना को मंजूरी दी है। मीरजापुर में स्थापित होने वाली इस परियोजना पर लगभग 38 हजार करोड़ रुपये से अधिक की लागत आने का अनुमान है। यह परियोजना राज्य सरकार और NTPC Limited के संयुक्त उपक्रम के माध्यम से संचालित की जाएगी। सरकार का दावा है कि इससे प्रदेश में बिजली उत्पादन क्षमता बढ़ेगी और उपभोक्ताओं को सस्ती एवं स्थिर बिजली उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी। Uttar Pradesh News
स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के उद्देश्य से कैबिनेट ने डॉ. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान में 1010 बेड वाले अत्याधुनिक मल्टी स्पेशलिटी इमरजेंसी सेंटर के निर्माण को भी मंजूरी प्रदान की। गोमती नगर विस्तार स्थित नए परिसर में बनने वाले इस अस्पताल के साथ नया ओपीडी और शिक्षण ब्लॉक भी विकसित किया जाएगा। परियोजना पर 855 करोड़ रुपये से अधिक खर्च किए जाएंगे। राजधानी की यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए लखनऊ मेट्रो फेज-1बी ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर परियोजना को भी हरी झंडी दी गई है।
चारबाग से वसंतकुंज तक बनने वाले इस कॉरिडोर के लिए केंद्र सरकार, राज्य सरकार और Uttar Pradesh Metro Rail Corporation के बीच त्रिपक्षीय समझौते को मंजूरी मिली है। लगभग 5801 करोड़ रुपये की लागत वाली इस परियोजना में केंद्र और राज्य सरकार बराबर हिस्सेदारी निभाएंगी। इसके अलावा कैबिनेट ने पशु चिकित्सा छात्रों के इंटर्नशिप भत्ते को 4 हजार रुपये से बढ़ाकर 12 हजार रुपये करने का निर्णय लिया। आगरा मेट्रो कॉरिडोर-2, स्वरूप रानी नेहरू अस्पताल विस्तार, जन्म-मृत्यु पंजीकरण नियमावली 2026 और मीरजापुर में सरदार पटेल एपेक्स यूनिवर्सिटी की स्थापना जैसे कई अन्य प्रस्तावों को भी मंजूरी दी गई। Uttar Pradesh News