NDA Sarkar: कौन हैं राम मोहन नायडू? जो मोदी सरकार में बनेंगे सबसे कम उम्र के कैबिनेट मंत्री
Modi 3.0 Cabinet: मोदी सरकार 3.0 में तेलुगु देशम पार्टी के कोटे से दो सांसद मंत्री बनेंगे, टीडीपी की ओर से उन दोनों सांसदों के नाम तय कर दिए गए हैं, राम मोहन नायडू किंजरापु कैबिनेट मंत्री और चंद्रशेखर पेम्मासानी आज राज्य मंत्री पद की शपथ लेगे, आंध्र प्रदेश की श्रीकाकुलम सीट से तीसरी बार चुनकर आए राम मोहन नायडू अब तक के सबसे कम उम्र के कैबिनेट मंत्री होंगे।बता दें कि मोहन नायडू का जन्म निम्माडा में 18 दिसंबर 1987 को हुआ था, वे पूर्व केंद्रीय मंत्री और टीडीपी नेता येरन नायडू के बेटे हैं, उन्हें सार्वजनिक सेवा और राजनीति विरासत में मिली हैं, पढाई-लिखाई की बात करें तो राम मोहन ने शुरुआती पढ़ाई दिल्ली पब्लिक स्कूल, आरके पुरम से की, उसके बाद अमेरिका की PURDUE UNIVERSITY से इलेक्ट्रिक इंजीनियरिंग की, इसके बाद लॉन्ग आईलैंड से एमबीए किया हैं। NDA Sarkar
2012 में पिता का सड़क हादसे में निधन | NDA Sarkar
उन्होंने सिंगापुर में करियर बनाना शुरू ही किया था कि 2012 में कार हादसे में उनके पिता का निधन हो गया, इसके बाद वह राजनीति में आए और 2014 में 26 साल की उम्र में श्रीकाकुलम से पहली बार सांसद चुने गए और 16वीं लोकसभा में दूसरे सबसे कम उम्र के सांसद बने।
चंद्रबाबू के करीबी है राम मोहन
राम मोहन नायडू को चंद्रबाबू नायडू का करीबी माना जाता हैं, उनकी गिनती अपने पिता येरन नायडू की तरह टीडीपी चीफ के करीबियों में होती हैं, जब चंद्रबाबू नायडू की गिरफ्तारी हुई, उस कठिन समय में राम मोहन ने दिल्ली में टीडीप चीफ के बेटे नारा लोकेश के साथ महत्वपूर्ण भूमिका निभाई क्योंकि राम मोहन करीब 9 साल से दिल्ली में एक्टिव थे और उनके अलग-अलग दलों में संपर्क थे, नारा लोकेश के साथ मिलकर उन्होने टीडीपी चीफ की गिरफ्तारी के खिलाफ मोर्चा बनाया, चंद्रबाबू ने उन्हें ही दिल्ली की सभी यात्राओं में उनके साथ रहने की जिम्मेदारी सौपी हैं, जो राष्ट्रीय राजनीति की पेचीदगियों से निपटने में उनकी साझेदारी की दिखाती है।
2020 में मिला था संसद रत्र पुरस्कार | NDA Sarkar
राम मोहन नायडू को 2020 में संसद रत्न पुरस्कार से सम्मानित किया गया था, वहीं 2024 में उन्होंने अपनी सीट से 3.27 हजार वोटों से जीत हासिल की हैं, वह संसद की कई समितियों के सदस्य भी रह चुके हैं, इनमें कृषि पशुपालन, रेलवे, गृह मामलों पर्यटन एवं संस्कृति समेत कई समिति शामिल हैं।
2021 में बजट सत्र के दौरान ली पैटर्निटी लीव \ NDA Sarkar
राम मोहन ने 2017 में श्री श्रव्या से शादी की हैं, 2012 में उनकी एक बच्ची हुई वह ने केवल पारिवारिक व्यक्ति हैं, बल्कि राजनीति में भी रूढिवादिता को तोड़ने का प्रयास करते हैं, अपनी पत्नी की गर्भावस्था के लिए 2021 के बजट सत्र के दौरान पितृत्व अवकाश लेने के इनके निर्णय ने लैंगिक अधिकारो और शिक्षा पर स्वस्थ चर्चा को जन्म दिया, वह संसद में मासिक धर्म स्वास्थ्य शिक्षा और यौन शिक्षा की वकालत करने वाले पहले सांसदों में से एक हैं और उन्होंने सैनिटरी पैड पर जीएसटी हटाने के लिए सक्रिय रूप से अभियान चलाया हैं।
पिता का रिकॉर्ड तोड़ने को तैयार राम मोहन
राम मोहन नायडू अपने पिता येरन नायडू के नक्शे कदम पर चलते हैं, जो 1996 में सबसे कम उम्र के कैबिनेट मंत्री थे वे 2024 में राम मोहन सार्वजनिक सेवा की विरासत को जारी रखते हुए एनडीए गठबंधन में सबसे कम उम्र के कैबिनेट मंत्री बनकर अपने पिता के रिकॉर्ड को तोड़ने के लिए तैयार हैं।