Hydrogen Train News: देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन ने 9 दिनों में तय किया 1,200 किलोमीटर का सफर
जींद-सोनीपत रेलखंड पर बिना रुकावट दौड़ी, 3,200 लीटर डीजल की बचत
जींद (सच कहूँ/जसविन्द्र)। Hydrogen Train: दिल्ली मंडल के जींद-सोनीपत रेलखंड पर संचालित देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन ने लगातार नौ दिनों में बिना किसी बाधा के 1,200 किलोमीटर से अधिक का सफर पूरा कर लिया है। इस दौरान ट्रेन ने लगभग 3,200 लीटर डीजल की बचत की है। भारतीय रेल के अनुसार यह ट्रेन हाइड्रोजन और आॅक्सीजन की रासायनिक अभिक्रिया से स्वयं बिजली उत्पन्न करती है, जिससे केवल जलवाष्प निकलती है और कार्बन उत्सर्जन नहीं होता।
दस कोच वाली इस ट्रेन में दो हाइड्रोजन ड्राइविंग पावर कार लगी हैं, जो संयुक्त रूप से 2,400 किलोवाट क्षमता प्रदान करती हैं। इसमें लिथियम आयरन फॉस्फेट बैटरियों और हाइड्रोजन सिलेंडरों का भी उपयोग किया गया है। सुरक्षा के लिए हाइड्रोजन रिसाव, आग, धुआं और अधिक तापमान का स्वत: पता लगाने वाली आधुनिक प्रणालियां तथा स्वचालित शट-आॅफ सिस्टम लगाए गए हैं।
इस परियोजना के तहत जींद में भारतीय रेल की पहली समर्पित हाइड्रोजन भंडारण और ईंधन भरने की सुविधा स्थापित की गई है। यहां लगभग 3,000 किलोग्राम हरित हाइड्रोजन के भंडारण की क्षमता है। जींद-सोनीपत रेलखंड पर सफल परिचालन के बाद जल्द ही इस ट्रेन का परीक्षण दिल्ली मार्ग पर भी शुरू किया जाएगा। भारतीय रेल इसे स्वच्छ, शून्य-उत्सर्जन और आत्मनिर्भर रेल परिवहन की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि मान रही है।
