पानीपत के युवाओं ने भारतीय सेना के लिए किया रक्तदान

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पानीपत। (सच कहूँ/सन्नी कथूरिया) जिंदगी जीने का असली मजा तब आता है जब अपने लिए नहीं दूसरों के लिए जिया जाए। अपने लिए तो हर कोई जीता है दूसरों के लिए जीना दूसरों की दुख को अपना दुख समझना ऐसा बहुत ही कम देखने को मिलता है। दूसरों के लिए दिन-रात सेवा दे रहे जैन समाज व श्री राधा कृष्णा गौशाला सेवा ट्रस्ट द्वारा रविवार को एक विशाल जन स्वास्थ्य कैंप व ब्लड डोनेशन कैंप का आयोजन अंसल सुशांत सिटी जैन स्थानक मे किया गया। कैंप मे मुख्य रूप से समाजसेवी व पार्षद विजय जैन मौजूद रहे।

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मेडिकल कैंप में हृदय रोग विशेषज्ञ, दंत रोग विशेषज्ञ, फिजिशियन आंखों के डॉक्टर के साथ अन्य बीमारियों के डॉक्टर ने भी अपनी सेवाएं दी और लगभग 200 मरीजों का चेकअप कर उन्हें मुफ्त दवाइयां उपलब्ध करवाई गई। वहीं दूसरी ओर देश के जवानों के लिए रक्तदान कैंप का भी आयोजन किया गया जिसमें 135 यूनिट रक्तदान किया गया। रक्तदान कैंप में शहर के युवाओं ने काफी उत्साह के साथ रक्तदान किया।

राजीव जैन ने बताया कि दूसरों की मदद के लिए तैयार रहना सच्ची इंसानियत है ऐसा ही एक मिशन लेकर जैन समाज दिन-रात लोगों की सेवा कर रहा है जिसको लेकर आज मेडिकल कैंप में देश के जवानों के लिए ब्लड कैंप का आयोजन किया गया। उन्होंने कहा कि देश के जवान देश की रक्षा के लिए दिन-रात तैनात रहते हैं उनके प्रति हमारा भी फर्ज बनता है कि हम भी उनके कुछ काम आ सके। जिसको लेकर इस कैंप का आयोजन किया गया था। ने बताया कि पिछले दिनों जैन समाज द्वारा एक दिव्यांग निशुल्क शिविर का आयोजन किया गया था जिसमें दिव्यांग लोगों के अंगो का नाप लिया गया था जिसमें काफी मात्रा में दिव्यांग लोग पहुंचे थे और उन्हें जल्दी उनके अंग भी मुफ्त में उपलब्ध करवाए जाएंगे।

कैंप में पहुंची एडवोकेट सुरभि ने कहा कि रक्तदान करके हम भी देश की रक्षा में सहयोग कर रहे हैं। हर कोई जाकर बॉर्डर पर लड़ने की सकता देश की सेवा नहीं कर सकता लेकिन इस प्रकार रक्तदान करके हम किसी ना किसी तरीके से देश के जवानों के साथ-साथ देश की रक्षा में सहयोग कर रहे हैं। उन्होंने शहर की महिलाओं से भी आग्रह किया कि महिलाओं को भी आगे आकर रक्तदान करना चाहिए क्योंकि रक्तदान करने से शरीर में कमी नहीं आती एक कार से रक्तदान करने से शरीर में रक्त की सफाई होती है।

वही कैंप के दौरान 8 साल की तनिश जैन में भी काफी उत्साह देखने को मिला। अनीश जैन अपने पिता संदीप जैन के साथ कैंप में आर्मी की वर्दी में पहुंचे और रोते हुए कहा कि मैं भी रक्तदान करना चाहता हूं लेकिन यह मेरा रक्त नहीं ले रहे और मुझे गर्व है कि मैं देश का बेटा हूं।

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