दहेज में कार और पांच लाख रुपए की मांग, विवाहिता को घर से निकाला

सात साल के बेटे को भी मां से अलग करने का आरोप

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हनुमानगढ़। दहेज में बड़ी कार और पांच लाख रुपए की मांग को लेकर विवाहिता को प्रताड़ित करने और मारपीट कर घर से निकालने का मामला सामने आया है। विवाहिता ने पति, सास, ससुर और देवर पर दहेज की मांग को लेकर मानसिक व शारीरिक प्रताड़ना देने तथा उसका स्त्रीधन अपने कब्जे में रखने का आरोप लगाया है।

भिरानी थाना पुलिस ने रिपोर्ट के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार गांधीबड़ी निवासी अंजू (27) पुत्री जयसिंह जाट ने रिपोर्ट दी कि उसकी शादी 18 मई 2017 को सोनड़ी निवासी दिनेश पुत्र मांगेराम सहारण के साथ हिन्दू रीति-रिवाज से हुई थी। शादी के समय उसके पिता ने अपनी हैसियत से बढ़कर करीब 1.21 लाख रुपए नकद, सोने-चांदी के आभूषण सहित घरेलू सामान दहेज में दिया था। उसका स्त्रीधन पति, देवर, ससुर व अन्य परिजनों की मौजूदगी में ससुराल पक्ष को सौंपा गया था।

शादी के बाद जब वह पहली बार ससुराल गई तो पति, देवर, सास और ससुर दहेज से खुश नहीं हुए। उन्होंने पति के पढ़े-लिखे होने का हवाला देते हुए मायके से बड़ी कार और पांच लाख रुपए लाने की मांग की। विवाहिता ने मायके की आर्थिक स्थिति का हवाला देते हुए मांग पूरी करने में असमर्थता जताई, लेकिन इसके बाद उसे लगातार प्रताड़ित किया जाने लगा। उससे घरेलू काम करवाया जाता, पर्याप्त खाना नहीं दिया जाता और दहेज की मांग को लेकर मारपीट व घरेलू हिंसा की जाती रही। उसने परिवार बचाने के लिए लंबे समय तक प्रताड़ना सहन की। करीब पांच माह पहले पति दिनेश, देवर राजेन्द्र, ससुर मांगेराम और सास रूकमा ने उसे एक कमरे में बंद कर मारपीट की।

आरोपियों ने कहा कि घर में रहना है तो पिता से बड़ी कार और पांच लाख रुपए लेकर आए, अन्यथा घर में कोई जगह नहीं है। इसके अगले दिन पति और देवर विवाहिता के सात वर्षीय बेटे जतिन को उससे अलग कर उसे जबरन वाहन में बैठाकर गांधीबड़ी छोड़ गए। मामले को लेकर 30 अगस्त 2026 को गांधीबड़ी में पंचायत आयोजित की गई। इसमें गांव के कई प्रतिष्ठित लोग मौजूद थे। विवाहिता के पिता ने ससुराल पक्ष से बेटी को सम्मानपूर्वक रखने और दहेज के लिए परेशान नहीं करने की गुहार लगाई, लेकिन ससुराल पक्ष ने कार और पांच लाख रुपए की मांग पूरी होने तक विवाहिता को साथ रखने से इनकार कर दिया।

विवाहिता ने अपना स्त्रीधन वापस मांगा तो उसे लौटाने से भी इनकार किए जाने का आरोप है। भिरानी थाना पुलिस ने परिवादिया की रिपोर्ट के आधार पर भारतीय न्याय संहिता की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। मामले की जांच थाना प्रभारी मदनलाल बिश्नोई की ओर से शुरू की गई है। पुलिस दहेज की मांग, मारपीट, स्त्रीधन और बच्चे को मां से अलग करने के आरोपों की जांच करेगी।

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