निजीकरण के विरोध में गरजे बिजली कर्मी, बुलन्दशहर में धरना प्रदर्शन

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संविदा कर्मचारियों ने की जोरदार नारेबाजी

बुलन्दशहर (सच कहूँ/कपिल देव इन्सां)। Protested: बिजली निजीकरण समेत कई अन्य मांगों को लेकर संयुक्त बिजली कर्मचारी मोर्चा द्वारा बुधवार को बुलन्दशहर में धरना प्रदर्शन किया गया। वेतन और निजीकरण के विरोध में संविदा कर्मचारियों ने जोरदार नारेबाजी की। Bulandshahr News

जेई संघ के आरसी द्विवेदी ने कहा कि बिजली के क्षेत्र में पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम एवं दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम का निजीकरण का ऐलान कर चुकी है। एनटीपीसी सर्वजनिक क्षेत्र की कंपनी, जिसका 45 फीसदी शेयर निजी हाथ में जा चुका है। 6 फीसदी शेयर और बिक जाए तो यह कंपनी निजी क्षेत्र की हो जाएगी। जिलाध्यक्ष बिजेन्द्र यादव ने कहा कि सरकार मनमानी कर रही है, जिसे कतई भी बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

भाजपा पूंँजीपतियों की पार्टी | Bulandshahr News

बिजली संविदा कर्मियों की यूनियन के नेता सुरेन्द्र सिंह ने कहा कि भाजपा सरकार की आर्थिक उदारीकरण की नीतियों का सबसे बड़ा प्रभाव कृषि क्षेत्र पर पड़ रहा है। सरकार कारपोरेट के मुनाफे के लिए कृषि क्षेत्र को उनके हाथ ऐसा सौंपना चाहती है। भाजपा की नीति मोदी सरकार के आकर्षक वादे स्वामीनाथन आयोग के अनुसार एमएसपी पर खरीद नहीं कर रही।

किसानो की आदमी दोगुनी करने, कृषि लागत पर सब्सिडी बढ़ाने, कम ब्याज पर ऋण देने, फसल बीमा लागू करने, हर खेत को पानी देने आदि झूठे वादे साबित हुए। उत्तर प्रदेश की योगी सरकार इन्हीं कदमो पर चल रही है। मोदी, योगी सरकार ने किसानों के साथ विश्वास घात किया है। उनकी कॉर्पोरेट नीतियों से खेती किसानी का संकट और बड़ा हों गया है। Bulandshahr News

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