टीकाकरण से मना करने वाले स्कूल संचालकों पर होगी कार्रवाई

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अतिरिक्त उपायुक्त अनुपमा अंजलि ने चिकित्सा अधिकारियों को दिए निर्देश

भिवानी (सच कहूँ न्यूज)। अतिरिक्त उपायुक्त (Additional Deputy Commissioner) अनुपमा अंजलि की अध्यक्षता में वीरवार को स्थानीय लघु सचिवालय स्थित डीआरडीए सभागार में स्वास्थ्य विभाग के सांस कार्यक्रम की समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में एडीसी ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए कि निमोनिया की रोकथाम के लिए हर जरूरी कदम उठाए जाएं। अभिभावकों व बच्चों को निमोनिया से बचाव व उपचार के बारे में जागरूक किया जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि स्कूलों में हर बच्चे का हैल्थ कार्ड हो ताकि कोई भी बच्चा टीकाकरण से वंचित न रहे।

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स्कूलों में बच्चों का डाटा तैयार करवाने के निर्देश

बैठक के दौरान एडीसी (ADC) ने निर्देश देते हुए कहा कि जिले के सभी सरकारी व प्राईवेट स्कूलों के साथ-साथ आंगनवाड़ी केन्द्रों में बच्चों का हेल्थ चैकअप किया जाए। जरूरमंद बच्चों को दवाई दी जाए। उन्होंने कहा कि कोई भी सरकारी या निजी स्कूल संचालक बच्चों के टीकाकरण से मना नहीं कर सकता। यदि कोई स्कूल मुखिया टीकाकरण से मना करता है तो उसके बारे में तुरंत प्रभाव से रिपोर्ट भेजें।

टीकाकरण से मनाही करने वाले स्कूल संचालकों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। अतिरिक्त उपायुक्त ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए वे स्कूलों में बच्चों का डाटा तैयार करवाएं कि कितने बच्चों का टीकाकरण किया जा चुका है और कितने बच्चे शेष रहते हैं। एक भी बच्चा टीकाकरण से छूटने न पाए। उन्होंने कहा कि बच्चों को हाथों की स्वच्छता (hygiene) बारे में भी जागरूक करें ताकि निमोनिया को रोका जा सके।

अधिकतर बीमारी गंदगी के कारण होती हैं। इसके साथ ही उन्होंंने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए कि वे डोर-टू-डोर सर्वे करें। इसके अलावा स्लम एरिया में बच्चों की पहचान करें। उन्होंने महिला एवं बाल विकास विभाग की अधिकारी को निर्देश दिए कि वे आंगनवाड़ी केंद्रों पर आने वाली स्कूल हेल्थ टीम का सहयोग करें और आंगनवाड़ी में आने वाले हर बच्चे का हेल्थ चैकअप करवाएं।

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