सावधान! बिना कानूनी पालना के बच्चा गोद लेना गैर कानूनी

Published On

बच्चा गोद लेने की प्रक्रिया के लिए जिला में जागरूकता अभियान के लिए विभाग को दिए निर्देश

  • उपायुक्त जगदीश शर्मा ने जिला में बच्चा गोद लेने की प्रक्रिया का हस्ताक्षर कर किया शुभारंभ

फतेहाबाद। (सच कहूँ/विनोद शर्मा) उपायुक्त जगदीश शर्मा ने बुधवार को लघु सचिवालय स्थित उपायुक्त कार्यालय में बच्चा गोद लेने की प्रक्रिया बारे जिलावासियों को जागरूक करने के लिए जिला बाल संरक्षण व संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए। इस मौके पर उपायुक्त शर्मा ने स्वयं हस्ताक्षर कर महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा आयोजित बच्चा गोद लेने के लिए जागरूकता अभियान की शुरूआत की। उन्होंने बताया कि महिला एवं बाल विकास विभाग, हरियाणा द्वारा बच्चा गोद लेने की प्रक्रिया आरंभ की गई है। इस कड़ी में जिला में भी यह प्रक्रिया जारी रहेगी। इस प्रक्रिया में बच्चा गोद लेने के लिए राज्य सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त दत्तक एजेंसियों के जरिए ही गोद ले सकते हैं। उन्होंने बताया कि गोद लेने के लिए सरकारी कानूनों की पालना अवश्य करें। किशोर न्याय (बच्चों की देखबाल एवं सरक्षण) लेने के लिए केयरिंग वेबसाइट पर दिए गए निदेर्शों को ध्यानपूर्वक पढ़े और निर्दिष्ट प्रक्रिया का पालन करें।

यह भी पढ़ें:– बिजली उपलब्धता में आत्मनिर्भर बना हरियाणा: मनोहर लाल

बच्चा गोद लेने के लिए तहसीलदार कार्यालय में करें संपर्क

उपायुक्त जगदीश शर्मा ने कहा कि वेबसाइट ६६६.ूं१ी.ल्ल्रू.्रल्ल  पर अपना सफल आॅनलाइन पंजीकरण के लिए सटीक कदम उठाए। आॅनलाइन पंजीकरण करते समय अपने सही दस्तावेज अपलोड करें। इसके अतिरिक्त अन्य कानून जैसे हिन्दू दत्तक तथा भरण पोषण अधिनियम, 1956 आदि के तहत बच्चा गोद लेने के लिए तहसीलदार कार्यालय में संपर्क करें। शर्मा ने यह भी बताया कि बच्चा गोद लेने के लिए राज्य सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त दत्तक एजेंसियों के गोद लेने में किसी बिचौलिए या दलाल की कोई भूमिका नहीं है। वे आपको गैर कानूनी तरीके से बच्चा गोद लेने के लिए बहला सकते हैं। गोद लेने के लिए सीधे किसी व्यक्ति, गैर कानूनी संस्था, मैटरनिटी होम, हस्पताल व नर्सिंग होम आदि से संपर्क न करें।

अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें Facebook और TwitterInstagramLinkedIn , YouTube  पर फॉलो करें।

About The Author

Related Posts