डबवाली रेलवे स्टेशन गबन मामला: 7 माह बाद रेलवे की बड़ी कार्रवाई, टिकट क्लर्क ज्योति बर्खास्त
सरकारी कैश गबन और चोरी के आरोप में पहले हुई थी गिरफ्तारी
डबवाली/गोरीवाला (सच कहूँ/अनिल)। Dabwali Railway Station Embezzlement Case: अमृत भारत योजना के तहत आधुनिक बनाए गए डबवाली रेलवे स्टेशन पर सामने आए चर्चित सरकारी कैश गबन और चोरी के मामले में बीकानेर रेल मंडल ने बड़ी कार्रवाई करते हुए टिकट बुकिंग क्लर्क ज्योति शर्मा को तत्काल प्रभाव से सेवा से बर्खास्त कर दिया है। बीकानेर रेल मंडल के वरिष्ठ डीसीएम भूपेश यादव ने बर्खास्तगी आदेश जारी होने की पुष्टि की है। गौरतलब है कि अक्टूबर 2025 में सामने आए इस मामले के बाद से आरोपी क्लर्क निलंबित चल रही थी। करीब सात माह तक चली विभागीय और कानूनी प्रक्रिया के बाद रेलवे प्रशासन ने उसे सेवा से बाहर करने का निर्णय लिया है।
जानकारी के अनुसार 18 और 19 अक्टूबर 2025 को रेलवे के सरकारी खजाने में जमा होने वाली राशि में से 1 लाख 15 हजार 265 रुपये कम जमा किए गए थे। जांच में आरोप लगा कि उक्त राशि का गबन किया गया। इसके बाद 22 अक्टूबर को ज्योति शर्मा को निलंबित कर दिया गया। मामले में नया मोड़ तब आया जब मुख्य टिकट बुकिंग अधिकारी राजीव शर्मा ने चार्ज लेने की प्रक्रिया शुरू की। उस दौरान 21-22 अक्टूबर का 1 लाख 13 हजार 960 रुपये नकद कैश अलमारी में रखा गया था तथा उसकी दोनों अधिकृत चाबियां अधिकारियों के पास थीं। इसी बीच अलमारी का ताला खुला मिला और नकदी गायब पाई गई। जांच के दौरान तीसरी चाबी के इस्तेमाल की आशंका सामने आई।
बाद में जीआरपी अंबाला के एसपी द्वारा गठित एसआईटी ने 6 जनवरी 2026 को ज्योति शर्मा को हनुमानगढ़ से गिरफ्तार किया था। पूछताछ में आरोपी ने कथित तौर पर अलमारी की डुप्लीकेट चाबी बनवाने की बात स्वीकार की। जांच में यह भी सामने आया कि गबन की गई राशि का कुछ हिस्सा आभूषण खरीदने में खर्च किया गया था। गिरफ्तारी के बाद आरोपी कुछ समय तक जेल में रही और बाद में अदालत से जमानत पर रिहा हो गई। हालांकि विभागीय जांच जारी रही। जांच पूरी होने के बाद रेलवे प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए ज्योति शर्मा को स्थायी रूप से सेवा से बर्खास्त कर दिया है।