नगर परिषद श्रीगंगानगर स्वच्छता से कोसों दूर

24 घंटे में हजारों फर्जी डाउनलोड व फीडबैक दर्ज होने का मामला

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Sri Ganganagar Municipal Council: श्रीगंगानगर (सच कहूँ/लखजीत सिंह)। कचरा निस्तारण संयंत्र की स्थापना व शहर को साफ करने में नाकाम नगर परिषद प्रशासन सरकारी डेटा में हेराफेरी कर अपनी रैकिंग सुधारने कोशिश में है। यह मामला स्वच्छता सर्वेक्षण 1000 अंक वाले महत्वपूर्ण हिस्से सिटीजन फीडबैक से जुड़ा है, जहां 24 घंटे के भीतर हजारों फर्जी डाउनलोड और फीडबैक दर्ज होने का मामला सामने आया है।

यह पूरा खेल संभवत: इसलिए रचा जा रहा है क्योंकि इस बार का स्वच्छता सर्वेक्षण कुल 12,500 अंकों का है। इस 10,500 अंकों के बड़े हिस्से में से 1000 अंक सीधे तौर पर 'नागरिक प्रतिक्रिया और शिकायत निवारण' के हैं। पर शहर की जमीनी सफाई कचरे का पृथक्करण, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, सफाईकर्मियों का कल्याण जैसे कड़े पैरामीटर को रातों-रात नहीं सुधारा जा सकता।

इसलिए, सबसे आसान तरीका 'सिटीजन फीडबैक' के 1000 अंकों को हासिल करना है। 13 मई को एप पर प्रविष्टि दर्ज होना शुरू हुई। 14 मई को एकाएक लोग जादू की तरह उमड़े और आंकड़ा 10009 पर पहुंचा कर गायब हो गये। आज 18 मई तक आंकड़ों की बाजीगिरी अटकी हुई हैं।  

स्वच्छता सर्वेक्षण के तीन मुख्य भाग

  • ओडीएफ/वॉटर प्लस प्रमाणीकरण: 1000 अंक
  • कचरा मुक्त शहर (स्टार रेटिंग): 1000 अंक
  • जमीनी मूल्यांकन और नागरिक प्रतिक्रिया: 10,500 अंक

16 लाख से बचेगी साख

श्रीगंगानगर नगरपरिषद ने इस बार इज्जत बचाने और रैंकिंग सुधारने का जिम्मा 16 लाख रुपए का बजट देकर एक निजी फर्म को सौंपा गया। इस फर्म का काम कागजी कार्रवाई से लेकर जनता से फीडबैक दिलवाना था।  नागरिक प्रतिक्रिया और शिकायत निवारण के 1000 अंकों को हड़पने के लिए निजी फर्म और अधिकारियों के कथित गठजोड़ ने 'शॉर्टकट' का सहारा लेकर साख बचाने का प्रयास कर रहे हैं। ना नुकर के बीच निकाय अधिकारियों का आपसी बातचीत में कहना है कि इस मामले की उच्च स्तरीय तकनीकी जांच होनी अनिवार्य है ताकि यह साफ हो सके कि फीडबैक के पीछे असली 'उंगलियां' किसकी है।

अटक गई डिजिटल हेराफेरी

निजी कंपनी के हाथों स्वच्छता सर्वेक्षण में फीडबैक वह शिकायत निवारण का कार्य कर रही नगर परिषद यहां भी डिजिटल हेरा फेरी से बाज नहीं आई। 15 मई को एप पर एकाएक 10 हजार लोगों की प्रविष्टि दर्ज हुई पर आज 18 मई तक उसी आंकड़े पर अटकी हुई है। 

नगर निकाय      कुल लक्ष्य    क्यूआर    एप
श्रीगंगानगर        13,291       2307    10009
श्रीकरणपुर         1190         3786     3530
रायसिंहनगर       1,584        4288      160
पदमपुर             1,030        2907      5 
सादुलशहर         1,396        288        127       
श्रीविजयनगर       1,030        267        1
सूरतगढ़             2143            1

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