मीरापुर में अवैध आइसक्रीम फैक्ट्री पर खाद्य सुरक्षा विभाग की बड़ी छापेमारी, गंदगी और एक्सपायरी दूध मिलने पर उत्पादन कराया बंद
एक्सपायरी दूध से बन रही थी आइसक्रीम, छापेमारी में खुलासा
मीरापुर (सच कहूँ/कोमल प्रजापति)। Mirapur News: खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम द्वारा अवैध रूप से संचालित एक आइसक्रीम फैक्ट्री पर छापेमारी किए जाने से पूरे कस्बे में हड़कंप मच गया। खाद्य सुरक्षा अधिकारी विशाल चैधरी ने टीम के साथ स्टेट बैंक के पीछे चल रही “एवन आइसक्रीम” फैक्ट्री पर अचानक कार्रवाई की। बताया गया कि यह फैक्ट्री आमिर नामक व्यक्ति द्वारा संचालित की जा रही थी, जहां खाद्य सुरक्षा मानकों की खुलेआम अनदेखी की जा रही थी।
छापेमारी के दौरान फैक्ट्री में भारी गंदगी, अव्यवस्थित माहौल तथा एक्सपायरी दूध के पैकेट सहित कई संदिग्ध खाद्य सामग्री बरामद हुई। जांच में यह भी सामने आया कि फैक्ट्री के पास न तो कोई वैध सरकारी लाइसेंस था और न ही पानी की शुद्धता अथवा खाद्य सुरक्षा संबंधी कोई प्रमाण पत्र उपलब्ध था। खाद्य विभाग की टीम ने मौके पर ही आइसक्रीम निर्माण की प्रक्रिया को पूर्ण रूप से बंद करवा दिया तथा फैक्ट्री संचालक को नोटिस जारी किया गया। खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने बताया कि विभाग को लंबे समय से शिकायतें मिल रही थीं कि फैक्ट्री में बेहद खराब परिस्थितियों में बड़े पैमाने पर आइसक्रीम बनाई जा रही है, जिससे नागरिको विशेषकर बच्चों के स्वास्थ्य पर बुरा प्रभाव पड़ रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार ऐसी आइसक्रीम खाने से बच्चों में बुखार, गले और पेट संबंधी बीमारियां बढ़ रही हैं।
फैक्ट्री पर कार्रवाई के बाद टीम ने कस्बे की एक डेयरी पर भी जांच की, जहां सभी सामान सही पाए गए। वहीं छापेमारी की खबर फैलते ही कस्बे के कई दूध विक्रेता, डेयरी संचालक और खाद्य सामग्री बेचने वाले दुकानदार अपनी दुकानें बंद कर मौके से फरार हो गए। बाद में टीम के कस्बे से बाहर निकलने के बाद ही अधिकांश दुकानदारों ने अपने शटर खोले। खाद्य सुरक्षा अधिकारी विशाल चैधरी ने कहा कि भविष्य में भी इस प्रकार की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी और लोगों की जिंदगी से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे। गौरतलब है कि मीरापुर क्षेत्र के ग्राम कैथोडा, मुकल्लमपुरा, दायमपुरा, मुझेडा आदि में दर्जनो फैक्ट्रियां इस प्रकार की अवैध रूप से चल रही हैं।
